बिहार: शराबबंदी पर राज्य की पुलिश और उत्पाद बिभाग के अंदर कुछ बराबर नही है।अभी अभी एक मामले में राज्य की पुलिश ने उत्पाद बिभाग के अधिकार तथा कर्मचारियों को थाने में 10 घंटे की पूछ-ताछ में इस बात के लिए दवाब बनती रही की
उन्होंने किस सोर्श के आधार पर छापेमारी की,यही नही हाल ही में उत्पाद विभाग के निरीक्षक दीपक कुमार को गिरफ्तार कर तथा लोहरा के सुरेन्द्र कुमार को गिरफ्तार कर ले गयी।
हालांकि यह मामला मुख्यमन्त्री नितीश कुमार के ग्रीह जिला नालन्दा के जदयू प्रखण्ड अध्यक्ष चंद्रजीत कुमार सेन की है।
जबकि बीते 30 तारीख को चंद्रजीत के घर छापेमारी के दौरान 167 शराब की बोतले बरामद हुयी।
राज्य की पुलिश ने आरोपियों को जेल भेजने के वजाय उत्पाद विभाग के अधिकारियो को ही जेल भेज दी।
मामले पर हंगामा होते ही प्रशासन ने चंद्रजीत को भी ग्रिफ्तार कर जेल भेज दिया।
जदयू सरकार की इस हरकत से एक के बाद एक आलोचनाएं होने लगी।
मामले को सुन भाजपा के प्रदेश मिडिया प्रभारी दीपक अग्रवाल ने कहा कि शराबबंदी सिर्फ गरीब तथा शरीफ लोगो के लिए है जवकि शराब का सेवन सिर्फ नितीश सरकार के मंत्री मंडल में हो रहे है।शराब बंदी सिर्फ नाम के लिए है।इस शराब बंदी से सिर्फ उन भष्टाचार लिप्त अधिकारियो को ही लाभ है।
उन्होंने किस सोर्श के आधार पर छापेमारी की,यही नही हाल ही में उत्पाद विभाग के निरीक्षक दीपक कुमार को गिरफ्तार कर तथा लोहरा के सुरेन्द्र कुमार को गिरफ्तार कर ले गयी।
हालांकि यह मामला मुख्यमन्त्री नितीश कुमार के ग्रीह जिला नालन्दा के जदयू प्रखण्ड अध्यक्ष चंद्रजीत कुमार सेन की है।
जबकि बीते 30 तारीख को चंद्रजीत के घर छापेमारी के दौरान 167 शराब की बोतले बरामद हुयी।
राज्य की पुलिश ने आरोपियों को जेल भेजने के वजाय उत्पाद विभाग के अधिकारियो को ही जेल भेज दी।
मामले पर हंगामा होते ही प्रशासन ने चंद्रजीत को भी ग्रिफ्तार कर जेल भेज दिया।
जदयू सरकार की इस हरकत से एक के बाद एक आलोचनाएं होने लगी।
मामले को सुन भाजपा के प्रदेश मिडिया प्रभारी दीपक अग्रवाल ने कहा कि शराबबंदी सिर्फ गरीब तथा शरीफ लोगो के लिए है जवकि शराब का सेवन सिर्फ नितीश सरकार के मंत्री मंडल में हो रहे है।शराब बंदी सिर्फ नाम के लिए है।इस शराब बंदी से सिर्फ उन भष्टाचार लिप्त अधिकारियो को ही लाभ है।

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